

धराली आपदा में जिंदगी की तलाश जारी है। शनिवार को आपदा के पांचवें दिन विभिन्न स्थानों पर फंसे 480 लोग और निकाले गए हैं। मौसम की चुनौती के बीच आज रविवार को हेली से रेस्क्यू जारी है। प्रभावित इलाकों में सेना, आईटीबीपी, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ व जिला प्रशासन ड्रोन और अन्य अत्याधुनिक उपकरणों की मदद से मलबे में दबे लोगों की तलाश में जुटी हैं। डॉग स्क्वॉड की भी मदद ली जा रही है।
गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर गंगनानी, लिमचागाड़ के पास वैली ब्रिज निर्माण कार्य अंतिम चरण में है। सोनगाड़, डबरानी, हर्षिल, धराली आदि स्थान पर अवरुद्ध गंगोत्री हाईवे को सुचारु करने का कार्य तेजी से चल रहा है।उत्तराखंड पुलिस ने सोशल मीडिया पर धराली आपदा से संबंधित आपत्तिजनक पोस्ट के आरोप में चार लोगों पर देहरादून कोतवाली थाने में मामला दर्ज किया है। सब-इंस्पेक्टर विक्की टम्टा ने बताया कि एक आरोपी ने अपनी पोस्ट में बाढ़ की तस्वीरें साझा करते हुए लिखा था, धराली में आफत.. कुदरत का बुलडोजर। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए एक अन्य आरोपी ने लिखा था, मस्जिदों, मजारों और मदरसों को तोड़ना बंद करो। एक अन्य ने लिखा, यह वही जगह है जहां मुसलमानों के घर तोड़े जाते हैं। शनिवार को उत्तरकाशी से लौटने के बाद मुख्यमंत्री धामी ने आपदाग्रस्त धराली, सैंजी, बांकुड़ा में आपदा प्रभावितों के लिए त्वरित राहत देने के लिए यह घोषणा की है। सीएम ने कहा, उत्तरकाशी जिले के धराली, पौड़ी जिले के सैंजी व बांकुड़ा गांव में कई मकान पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हुए हैं। प्रभावितों के पुनर्वास के लिए पांच लाख की तत्काल सहायता राशि दी जाएगी। इसके अलावा आपदा में मृतकों के परिजनों को भी पांच लाख रुपये की सहायता राशि दी जाएगी। इससे इस कठिन समय में प्रभावित परिवारों को आर्थिक सहारा मिल सके।





